जब आंच नारी अस्मिता पर आती है, तो हर महिला दुर्गा और चंडी बन जाती है : डेजी ठाकुर

हिम न्यूज़ शिमला। भाजपा महिला मोर्चा प्रदेश अध्यक्ष डेजी ठाकुर ने कहा, “जब आंच नारी अस्मिता पर आती है, तो हर महिला दुर्गा और चंडी बन जाती है। महिलाओं के सम्मान और सुरक्षा के प्रश्न पर किसी भी प्रकार का राजनीतिक समझौता स्वीकार नहीं किया जा सकता।

उन्होंने कहा कि जेएनयू में 11 छात्राओं द्वारा लगाए गए यौन उत्पीड़न के आरोपों के बाद विश्वविद्यालय ने कांग्रेस सांसद अंगोमचा बिमोल अकोइजम को अध्यापन सेवा से बर्खास्त किया है। ऐसे में कांग्रेस नेतृत्व को स्पष्ट करना चाहिए कि वह इस मामले में क्या संगठनात्मक कदम उठा रहा है।

डेजी ठाकुर ने आरोप लगाया कि राहुल गांधी और कांग्रेस नेतृत्व संबंधित सांसद को राजनीतिक संरक्षण दे रहे हैं। उन्होंने कहा कि कांग्रेस नेताओं को महिलाओं के सम्मान की बात करने के साथ अपनी पार्टी से जुड़े मामलों में भी जवाबदेही प्रदर्शित करनी चाहिए।

उन्होंने कहा कि महिला मोर्चा की मांग है कि शिकायतकर्ताओं को सुरक्षा मिले, मामले की निष्पक्ष जांच हो और दोष सिद्ध होने पर कानून के अनुसार कठोर कार्रवाई की जाए। डेजी ठाकुर ने कांग्रेस की लोकतांत्रिक प्रतिबद्धता पर भी सवाल उठाए। उन्होंने आरोप लगाया कि कांग्रेस का इतिहास निर्वाचित सरकारों को अस्थिर करने और आपातकाल के दौरान लोकतांत्रिक अधिकारों को सीमित करने का रहा है। उन्होंने कहा कि कांग्रेस नेतृत्व को दूसरों पर सवाल उठाने के साथ अपने राजनीतिक आचरण पर भी जवाब देना चाहिए। उन्होंने कहा कि महिला मोर्चा का आंदोलन महिलाओं की गरिमा, सुरक्षा और न्याय की मांग को लेकर है तथा संगठन इन मुद्दों पर अपनी आवाज उठाता रहेगा।

जेएनयू मामले में विश्वविद्यालय की कार्रवाई और पुलिस जांच

उल्लेखनीय है कि जेएनयू ने अपनी आंतरिक समिति की जांच के बाद 9 अक्टूबर को कांग्रेस सांसद अंगोमचा बिमोल अकोइजम को विश्वविद्यालय की सेवा से बर्खास्त किया था। इसके बाद दिल्ली पुलिस ने भी यौन उत्पीड़न संबंधी आरोपों को लेकर प्राथमिकी दर्ज की है। हालांकि अकोइजम ने आरोपों को खारिज करते हुए विश्वविद्यालय की जांच प्रक्रिया पर सवाल उठाए हैं।

मामले में पुलिस जांच और संबंधित कानूनी प्रक्रिया जारी है। महिला मोर्चा पदाधिकारियों ने कहा कि शिकायतकर्ता महिलाओं को न्याय दिलाने और राजनीतिक जवाबदेही की मांग को लेकर संगठन अपना विरोध जारी रखेगा।