शिक्षा मंत्री ने प्रदेश में स्काउटिंग एवं गाइडिंग का दायरा बढ़ाने पर बल दिया

हिम न्यूज़ शिमला। शिक्षा मंत्री रोहित ठाकुर की अध्यक्षता में आज हिमाचल प्रदेश भारत स्काउट्स एंड गाइड्स (बीएसजीएचपी) की राज्य परिषद की बैठक आयोजित हुई। शिक्षा मंत्री बीएसजीएचपी के उपाध्यक्ष भी हैं। बैठक में संगठन की गतिविधियों और प्रगति की समीक्षा की गई तथा प्रदेश में स्काउटिंग एवं गाइडिंग को मजबूत करने और अधिक से अधिक बच्चों एवं युवाओं तक इसकी पहुंच बड़ाने के लिए कई महत्त्वपूर्ण निर्णय लिए गए।

रोहित ठाकुर ने कहा कि स्काउटिंग एवं गाइडिंग बच्चों और युवाओं में नेतृत्व क्षमता, अनुशासन, टीम भावना, आत्मनिर्भरता, सामाजिक जिम्मेदारी और सेवा की भावना विकसित करने में महत्त्वपूर्ण भूमिका निभाती है। उन्होंने इस आंदोलन को अधिक से अधिक विद्यार्थियों, विशेषकर विश्वविद्यालयों, महाविद्यालयों और अन्य उच्च शिक्षण संस्थानों तक पहुंचाने के लिए मिलकर प्रयास करने का आह्वान किया।

राज्य परिषद ने जिला स्तर पर रोवर और रेंजर की संगठनात्मक व्यवस्था को मजबूत करने के लिए जिला स्तर पर विभिन्न पद सृजित करने को मंजूरी दी। इससे कार्यों में बेहतर समन्वय, जिम्मेदारी, निगरानी और स्काउटिंग एवं गाइडिंग कार्यक्रमों के प्रभावी संचालन में सहायता मिलेगी। इसके अतिरिक्त, आवश्यकतानुसार कब और बुलबुल अनुभागों को मजबूत करने का निर्णय भी लिया गया।

बैठक में अवगत करवाया गया कि बीएसजीएचपी में बच्चों और युवाओं की वर्तमान लगभग 40 हजार की संख्या को अगले शैक्षणिक सत्र तक दो लाख करने का लक्ष्य रखा गया है। इसके लिए संस्थानों के साथ बेहतर समन्वय, विद्यार्थियों की अधिक भागीदारी, वयस्क नेताओं का प्रशिक्षण और जमीनी स्तर पर गतिविधियों को बढ़ावा दिया जाएगा। साथ ही स्काउटिंग एवं गाइडिंग आंदोलन की मूल भावना और संगठन की पहचान को बनाए रखा जाएगा।

राज्य परिषद ने संगठन में प्रस्तावित सुधारों को कानूनी आधार देने के लिए मौजूदा उप-नियमों में आवश्यक संशोधन करने का भी निर्णय लिया। रोहित ठाकुर ने कहा कि भारत स्काउट्स एंड गाइड्स एक अधिकृत संस्था है। जिसके बारे में लोगों को स्पष्ट जानकारी दी जानी चाहिए, ताकि स्काउटिंग गतिविधियों में शामिल अनाधिकृत संस्थाओं या संगठनों को लेकर किसी प्रकार के भ्रम की स्थिति न बने।

बैठक में वर्ष 2019-20 से 2024-25 तक की वार्षिक रिपोर्ट की समीक्षा की गई। साथ ही वर्ष 2026-27 के वार्षिक कार्य योजना को भी मंजूरी दी गई। इसमें प्रशिक्षण, विकास गतिविधियां, टेस्टिंग कैंप, नेतृत्व विकास कार्यक्रम, सामुदायिक विकास और युवा गतिविधियां शामिल हैं।

बीएसजीएचपी ने संगठन को राज्य सरकार द्वारा दिए जा रहे अनुदान के लिए शिक्षा मंत्री और राज्य सरकार का आभार व्यक्त किया। राज्य मुख्यालय के रिकॉर्ड के अनुसार, बीएसजीएचपी को वर्ष 2023-24 में 25 लाख रुपये, वर्ष 2024-25 में 13.50 लाख रुपये और वर्ष 2025-26 में 20 लाख रुपये का अनुदान प्राप्त हुआ। इस आर्थिक सहायता से प्रदेश में प्रशिक्षण, युवा विकास और अन्य स्काउटिंग एवं गाइडिंग गतिविधियों को आगे बढ़ाने में मदद मिली।

बैठक में जानकारी दी गई कि मंडी जिले के रिवालसर स्थित राज्य प्रशिक्षण केंद्र में करवाए गए निर्माण एवं नवीनीकरण कार्यों पर 2,50,12,892 रुपये खर्च किए गए। इसमें सेशन हॉल, 12 स्विस/अल्पाइन टेंट, भूमि समतलीकरण, मुख्य द्वार और अन्य आधारभूत सुविधाओं से संबंधित कार्य शामिल हैं।

रोहित ठाकुर ने प्रतिनिधियों को आश्वासन दिया कि प्रदेश में स्काउटिंग एवं गाइडिंग को मजबूत करने और इसका विस्तार करने के लिए राज्य सरकार की ओर से भविष्य में भी हर संभव सहयोग दिया जाएगा। उन्होंने उम्मीद जताई कि बीएसजीएचपी इसी समर्पण के साथ कार्य करते हुए अधिक से अधिक बच्चों और युवाओं को अनुशासित, रचनात्मक और सेवा भावना से जुड़ी गतिविधियों में भाग लेने के लिए प्रेरित करेगा।

शिक्षा मंत्री ने सचिव शिक्षा राकेश कंवर को हिमाचल प्रदेश भारत स्काउट्स एंड गाइड्स का राज्य मुख्य आयुक्त नियुक्त होने पर बधाई दी। उन्होंने संगठन के सभी सदस्यों, जिला प्रतिनिधियों, युवा नेताओं, स्वयं सेवकों तथा स्काउट्स और गाइड्स को भी उनके सराहनीय योगदान के लिए बधाई दी।

सचिव शिक्षा एवं राज्य आयुक्त सहित अन्य पदाधिकारियों ने भी परिषद को मजबूत करने के लिए अपने विचार और सुझाव रखे। सहायक राज्य आयुक्त (रोवर्स) डॉ. सतीश कुमार बंसल ने धन्यवाद प्रस्ताव प्रस्तुत किया। बैठक में राज्य सचिव डॉ. राज कुमार, निदेशक उच्च शिक्षा  सुनीता सिंह, राज्य परिषद के सदस्य, राज्य मुख्यालय के अधिकारी एवं कर्मचारी, जिला प्रतिनिधि, युवा नेता तथा भारत स्काउट्स एंड गाइड्स, हिमाचल प्रदेश के अन्य अधिकारी एवं प्रतिनिधि उपस्थित थे।