हिम न्यूज़, शिमला। भारतीय जनता पार्टी के प्रदेश अध्यक्ष डॉ. राजीव बिंदल ने सोमवार को शिमला के बालूगंज चौक पर स्थानीय लोगों एवं भाजपा कार्यकर्ताओं के साथ चाय की चुस्कियां लेते हुए कांग्रेस नेता राहुल गांधी पर निशाना साधा। कागज के कप में चाय पीते हुए डॉ. बिंदल ने कहा कि चाय केवल एक पेय नहीं, बल्कि देश के अलग-अलग हिस्सों में लोगों को आपस में जोड़ने और संवाद का एक सशक्त माध्यम भी है।
डॉ. बिंदल ने कहा कि उत्तर से दक्षिण और पूर्व से पश्चिम तक पूरे भारत में चाय अलग-अलग तरीकों से पी जाती है। चाय लोगों के मिलने, बैठने और विचार साझा करने का माध्यम बनी हुई है। उन्होंने कहा कि चाय के साथ देश के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का नाम भी जुड़ा हुआ है और आज चाय पर चर्चा जनसंवाद का प्रतीक बन चुकी है।
उन्होंने कहा कि आज भारत तेजी से आगे बढ़ रहा है। दुनिया के अनेक हिस्सों में आर्थिक चुनौतियां दिखाई दे रही हैं, लेकिन भारत की आर्थिक विकास दर 7.8 प्रतिशत दर्ज हुई है। यह पूरे देश के लिए प्रसन्नता और गर्व का विषय है। उन्होंने देशवासियों को इस उपलब्धि के लिए बधाई देते हुए कहा कि भारत की विकास यात्रा निरंतर आगे बढ़ रही है।
डॉ. बिंदल ने कांग्रेस नेता राहुल गांधी पर हमला करते हुए कहा कि दुर्भाग्यपूर्ण है कि देश की प्रगति और राष्ट्रीय एकता को सकारात्मक दृष्टि से देखने के बजाय वे ऐसे विषय सामने लाते हैं, जिनसे समाज में अनावश्यक विभाजन पैदा होता है। उन्होंने कहा कि अब राहुल गांधी को कागज के कप और दूसरे प्रकार के कप में भी विभाजन दिखाई देने लगा है।
उन्होंने कहा कि बालूगंज में समाज के विभिन्न वर्गों के लोग एक साथ बैठकर उसी कागज के कप में चाय का आनंद ले रहे हैं। प्लास्टिक पर प्रतिबंध के बाद कागज के कप का उपयोग आम हो गया है और सामान्य आयोजनों से लेकर बड़े सामाजिक एवं वैवाहिक समारोहों तक इनका व्यापक इस्तेमाल होता है। ऐसे सामान्य विषयों को सामाजिक विभाजन से जोड़ना उचित नहीं है।
डॉ. बिंदल ने कहा कि देश को एकजुट रखना प्रत्येक नागरिक और राजनीतिक दल की जिम्मेदारी है। राजनीति में मतभेद और विचारों का अंतर हो सकता है, लेकिन ऐसी किसी भी गतिविधि या बयानबाजी से बचना चाहिए जो जाति, धर्म या संप्रदाय के आधार पर समाज को बांटने का काम करे।
कांग्रेस द्वारा शिमला में किए गए प्रदर्शन और राहुल गांधी की लोकप्रियता से जुड़े सवाल के जवाब में डॉ. बिंदल ने कहा कि कोई नेता लोकप्रिय होता है तो इसमें किसी को आपत्ति नहीं होनी चाहिए। उन्होंने कहा, “वह बहुत लोकप्रिय हों, हमें भी आनंद की अनुभूति होगी, लेकिन जाति, धर्म और संप्रदाय के आधार पर देश को बांटने की नीति से देश को नुकसान होता है और कांग्रेस को यह समझने की आवश्यकता है।”
उन्होंने कहा कि लोकतंत्र में प्रत्येक राजनीतिक दल को जनता के बीच जाकर अपना पक्ष रखने और समर्थन प्राप्त करने का पूरा अधिकार है। राजनीतिक प्रतिस्पर्धा लोकतंत्र का हिस्सा है, लेकिन राष्ट्रीय एकता और सामाजिक सद्भाव से किसी भी प्रकार का समझौता नहीं किया जा सकता।
डॉ. बिंदल ने कहा कि भारत की ताकत उसकी विविधता में एकता है और देश को आगे ले जाने के लिए समाज के प्रत्येक वर्ग को साथ लेकर चलना आवश्यक है। उन्होंने कहा कि जाति, धर्म और संप्रदाय के आधार पर देश को बांटने वाली कोई भी गतिविधि स्वीकार्य नहीं हो सकती।
इस अवसर पर भाजपा संगठन महामंत्री सिद्धार्थन, पायल वैद्य, अमित ठाकुर, किरण बावा, कर्ण नंदा, सुदीप महाजन, संजय सूद, प्रेम ठाकुर और राजीव पंडित सहित बड़ी संख्या में पार्टी कार्यकर्ता एवं स्थानीय लोग उपस्थित रहे।