हिम न्यूज़,मंडी।भाजपा प्रदेश प्रवक्ता अजय राणा ने कहा कि कांग्रेस सरकार के शासन में प्रदेश के कर्मचारी और पेंशनर सबसे अधिक परेशान हैं। हिमाचल पथ परिवहन निगम (HRTC) पेंशनर कल्याण संगठन की मंडी इकाई द्वारा उठाई गई आवाज़ सरकार की नाकामी और भेदभावपूर्ण रवैये को साफ उजागर करती है।
अजय राणा ने कहा कि मंडी में आयोजित बैठक में 80 से अधिक पेंशनरों की मौजूदगी और उनका आक्रोश इस बात का प्रमाण है कि सरकार ने पेंशनरों के साथ किए गए वादों को तोड़ा है। दिसंबर माह की पेंशन केवल 65 वर्ष से अधिक आयु के पेंशनरों को जारी करना और शेष हजारों पेंशनरों को भुगतान से वंचित रखना घोर अन्याय है, जबकि प्रबंधन के साथ सभी पेंशनरों को एक साथ भुगतान करने की सहमति बनी थी।
उन्होंने कहा कि कांग्रेस सरकार की इस नीति के कारण हजारों HRTC पेंशनरों को नववर्ष, लोहड़ी और मकर संक्रांति जैसे महत्वपूर्ण त्योहार बिना पेंशन के मनाने पड़े। यह न केवल आर्थिक बल्कि मानसिक पीड़ा भी है, जिसकी जिम्मेदार सीधे तौर पर सरकार और निगम प्रबंधन हैं।
भाजपा प्रवक्ता ने मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू के बयानों पर सवाल उठाते हुए कहा कि जब मुख्यमंत्री स्वयं वित्त विभाग संभाल रहे हैं और समय पर पेंशन देने की बात करते हैं, तो फिर भुगतान क्यों नहीं हो रहा? सरकार की कथनी और करनी में साफ अंतर नजर आ रहा है।
अजय राणा ने पेंशनरों की प्रमुख मांगों का समर्थन करते हुए कहा कि 3 प्रतिशत महंगाई भत्ते की वृद्धि और उसके बकाया एरियर का तत्काल भुगतान किया जाए, HRTC पेंशनरों के लिए हर माह 24–25 करोड़ रुपये की राशि अलग से चिन्हित की जाए तथा लंबित चिकित्सा बिलों का तुरंत निपटारा किया जाए।
उन्होंने कहा कि बजट की कमी का बहाना बनाकर हर महीने पेंशनरों को संकट में डालना अस्वीकार्य है। कांग्रेस सरकार को घुमारवीं में ‘पेंशन दिवस’ पर की गई घोषणाओं को तुरंत धरातल पर उतारना चाहिए। भारतीय जनता पार्टी HRTC पेंशनरों के हक की इस लड़ाई में उनके साथ खड़ी है और यदि सरकार ने जल्द समाधान नहीं किया तो भाजपा इस मुद्दे को सड़क से सदन तक मजबूती से उठाएगी।