आजीविका उन्मुख कार्यशाला का आयोजन

हिम न्यूज़,कुल्लू :23 से 29 मार्च 2026 तक जिला कुल्लू के ओल्ड एज होम, कलाथ में सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता प्रत्रालय द्वारा वरिष्ठ नागरिकों के लिए “प्रोडक्टिव एजिंग” कार्यक्रम के अंतर्गत 7 दिवसीय आजीविका उन्मुख कार्यशाला का आयोजन किया जा रहा है। इस कार्यशाला का शुभारम्भ वरिष्ठ नागरिक सुभाष मेहंदीरता, सहायक अभियंता (सेवानिवृत्त) द्वारा विधिवत रूप से किया गया। उन्होंने वरिष्ठ नागरिकों को संबोधित करते हुए कहा कि जीवन के इस चरण में भी सीखने और आत्मनिर्भर बनने के अवसर अत्यंत महत्वपूर्ण हैं तथा इस प्रकार की पहल समाज में सकारात्मक परिवर्तन लाने में सहायक सिद्ध होती है।

यह कार्यशाला सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता विभाग, निदेशालय अनुसूचित जाति, अन्य पिछड़ा वर्ग, अल्पसंख्यक एवं विशेष रूप से सक्षम व्यक्तियों के सशक्तिकरण, हिमाचल प्रदेश के मार्गदर्शन में आयोजित की जा रही है। इस कार्यक्रम का संचालन जिला कल्याण अधिकारी, कुल्लू द्वारा एसआरएलएम (स्टेट रूरल लाइवलीहुड मिशन) तथा आरसेटी, हिमाचल प्रदेश के समन्वय से किया जा रहा है।

इस 7 दिवसीय कार्यशाला का मुख्य उद्देश्य वरिष्ठ नागरिकों को आजीविका संबंधी गतिविधियों से जोड़ना तथा उन्हें आर्थिक रूप से सशक्त बनाना है। कार्यशाला के दौरान प्रतिभागियों को मोमबत्ती निर्माण एवं उसकी पैकिंग, कपड़ों की रंगाई (डाइंग) तथा अन्य लघु कौशल आधारित गतिविधियों का व्यावहारिक प्रशिक्षण एवं मार्केटिंग के टिप्स दिये जा रहे हैं। इन गतिविधियों के माध्यम से वरिष्ठ नागरिक न केवल अपने समय का रचनात्मक उपयोग कर सकते हैं, बल्कि अतिरिक्त आय अर्जित करने के अवसर भी प्राप्त कर सकते हैं। कार्यक्रम में भाग ले रहे वरिष्ठ नागरिकों ने इस पहल के प्रति उत्साह व्यक्त किया है। प्रशिक्षण सत्रों के दौरान उनकी सक्रिय भागीदारी देखने को मिल रही है. जिससे यह स्पष्ट होता है कि इस प्रकार की योजनाएं उनके जीवन में नई ऊर्जा और आत्मविश्वास का संचार करती है। यह कार्यक्रम न केवल कौशल विकास की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है, बल्कि वरिष्ठ नागरिकों के सामाजिक एवं मानसिक सशक्तिकरण में भी अहम भूमिका निभाएगा। इस प्रकार के प्रयास उन्हें समाज की मुख्यधारा से जोड़ने में सहायक सिद्ध होंगे।

जिला कल्याण अधिकारी, कुल्लू गिरधारी लाल शर्मा ने बताया कि विभाग का उद्देश्य वरिष्ठ नागरिकों के कल्याण के लिए सतत कार्य करना है और इसी कड़ी में मंत्रालय द्वारा वरिष्ठ नागरिकों के हित में चलाए जा रहे समस्त कार्यक्रमों और कल्याण योजनाओं की जानकारी देते हुए कहा कि भविष्य में भी इस प्रकार की कार्यशालाएं एवं प्रशिक्षण कार्यक्रम आयोजित किए जाते रहेंगे। उन्होंने सभी संबंधित सहयोगी संस्थाओं का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि सामूहिक प्रयासों से ही इस प्रकार की योजनाओं को सफल बनाया जा सकता है।